PM Cares Scheme: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार ने छात्रों के लिए पीएम केयर्स योजना के तहत मुफ्त कोचिंग की सुविधा शुरू की है। इस योजना का उद्देश्य अनुसूचित जाति (SC), अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) और कोविड-19 महामारी के कारण माता-पिता को खो चुके छात्रों को उच्च गुणवत्ता वाली कोचिंग प्रदान करना है।
PM Cares Scheme: किन्हें मिलेगी सहायता ?
पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रन स्कीम 29 मई 2021 को शुरू की गई थी। इसका उद्देश्य उन बच्चों को आर्थिक और शैक्षणिक सहायता प्रदान करना है, जिन्होंने 11 मार्च 2020 से 28 फरवरी 2022 के बीच कोविड-19 के कारण अपने माता-पिता या कानूनी अभिभावक को खो दिया है। योजना के तहत प्रत्येक छात्र को प्रति वर्ष 50,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाती है, जो कॉलेज की फीस, कंप्यूटर, स्टेशनरी, किताबें, उपकरण और सॉफ्टवेयर आदि की खरीद के लिए उपयोग की जा सकती है।
PM Cares Scheme: कौन कौन सी परीक्षाएं हैं शामिल ?
इस योजना के तहत विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मुफ्त कोचिंग दी जाएगी, जिसमें यूपीएससी, राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाएं, बैंकिंग और पीएसयू भर्ती परीक्षाएं, जेईई, नीट, कैट, क्लैट जैसी प्रवेश परीक्षाएं शामिल हैं। इसके अलावा, GRE, GMAT, IELTS, TOEFL और SAT जैसी अंतरराष्ट्रीय परीक्षाओं की कोचिंग भी दी जाएगी। राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (NDA) और संयुक्त रक्षा सेवा (CDS) जैसी परीक्षाओं के लिए भी यह सुविधा उपलब्ध होगी।
PM Cares Scheme: कितने छात्रों का किया जाएगा चयन ?
हर साल इस योजना के तहत 3,500 छात्रों का चयन किया जाएगा। इसमें 70% सीटें अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए और 30% सीटें अन्य पिछड़ा वर्ग के छात्रों के लिए आरक्षित होंगी। इसके अलावा, प्रत्येक श्रेणी में 30% सीटें महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित होंगी। यदि किसी श्रेणी में पर्याप्त महिला उम्मीदवार नहीं मिलते हैं, तो शेष सीटें पुरुष उम्मीदवारों से भरी जाएंगी। पीएम केयर्स लाभार्थियों के लिए कोई सीट सीमा नहीं होगी।
इस योजना का लाभ उठाने के लिए SC और OBC छात्रों के परिवार की वार्षिक आय 8 लाख रुपये या उससे कम होनी चाहिए। इसके अलावा, बोर्ड परीक्षा में छात्र को कम से कम 50% अंक प्राप्त करने आवश्यक हैं। चयन प्रक्रिया के तहत केंद्रीय विश्वविद्यालयों का एक पैनल आवेदनों की समीक्षा करेगा और मेरिट के आधार पर छात्रों का चयन करेगा। हालांकि, पीएम केयर्स योजना के लाभार्थियों को सीधे प्रवेश दिया जाएगा और उन्हें चयन प्रक्रिया से नहीं गुजरना होगा।
PM Cares Scheme: कितना मिलेगा वजीफा ?
सरकार छात्रों की कोचिंग फीस पूरी तरह से वहन करेगी, जो कोर्स के आधार पर 20,000 रुपये से 75,000 रुपये तक हो सकती है। इसके अतिरिक्त, छात्रों को 12 महीने तक 4,000 रुपये का मासिक वजीफा भी दिया जाएगा। सिविल सेवा और राज्य सेवा परीक्षा के मुख्य चरण को पास करने वाले उम्मीदवारों को इंटरव्यू की तैयारी के लिए 15,000 रुपये की अतिरिक्त सहायता मिलेगी।
पीएम केयर्स योजना शिक्षा को अधिक सुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे न केवल वंचित वर्गों के छात्रों को लाभ मिलेगा, बल्कि वे प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी कर अपने करियर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकेंगे।









